उत्तर प्रदेश सरकार ने सीतापुर स्थित पौराणिक तीर्थ स्थल नैमिषारण्य के समग्र विकास के लिए 100 करोड़ रुपये का बजट आवंटित किया है। इस घोषणा के बाद क्षेत्र के तीर्थ पुरोहितों, साधु-संतों और स्थानीय निवासियों में खासा उत्साह देखा जा रहा है।
सरकार का उद्देश्य नैमिषारण्य आने वाले श्रद्धालुओं और पर्यटकों को बेहतर मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराना और पहले से चल रहे विकास कार्यों को गति देना है। माना जा रहा है कि इस बजट से पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा और क्षेत्र के आर्थिक व सामाजिक विकास को नई दिशा मिलेगी।
आचार्य सुदेश ने कहा कि 100 करोड़ रुपये की यह राशि तीर्थ क्षेत्र में आवश्यक सुविधाओं के विस्तार और विकास परियोजनाओं को तेज करने में सहायक सिद्ध होगी। वहीं गुरलाल सिंह ने भी प्रदेश सरकार के इस निर्णय की सराहना करते हुए कहा कि इससे नैमिषारण्य के विकास कार्यों में और तेजी आएगी।
आचार्य पुरुषोत्तम शर्मा ने बजट आवंटन को सकारात्मक पहल बताया, लेकिन साथ ही यह भी सुझाव दिया कि सरकार को उन इलाकों पर विशेष ध्यान देना चाहिए जो अभी तक विकास की मुख्यधारा से दूर हैं।
कुल मिलाकर, इस बजट से नैमिषारण्य में आधारभूत ढांचे के सुदृढ़ीकरण, पर्यटन सुविधाओं के विस्तार और श्रद्धालुओं की सुविधा में उल्लेखनीय सुधार की उम्मीद की जा रही है।